गाजियाबाद। खोड़ा में बकरीद पर हुए सूर्या हत्याकांड के बाद पुलिस-प्रशासन की कार्रवाई जारी है। ताजा मामले में मंगलवार को इलाके में अवैध रूप से संचालित तीन मदरसों को सील किया गया है। साथ ही कई मदरसों पर नोटिस चस्पा किए गए हैं और कई की बिजली काटी गई है। मालूम हो कि सूर्या की हत्या के बाद कमिश्नरेट पुलिस हरकत में आई और जिले भर में अपराधियों का सत्यापन अभियान तेज कर दिया गया है।
मंगलवार को जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़ और पुलिस कमिश्नर जे रविंद्र गौड़ फोर्स के साथ खोड़ा पहुंचे। डीएम ने बताया कि क्षेत्र में तीन अवैध मदरसे चिह्नित किए गए हैं। खोड़ा के लोकप्रिय विहार इलाके में मदरसा रहमानिया अरबिया कासिम अल ऊलूम मदरसा को प्रशासन और पुलिस टीम द्वारा सीलिंग की कार्यवाही की गई है। यहां बिजली के कनेक्शन को भी काट दिया गया है। गेट को सील किया गया है। सीलिंग के आदेश के कॉपी भी यहां चस्पा की गई है। इन्हें नोटिस भी भेज दिया गया है। मंगलवार को इन्हें सील करने की कार्रवाई की जा रही है। अन्य की भी जांच की जा रही है।
पुलिस व प्रशासन की संयुक्त टीम 1600 से ज्यादा लोगों का सत्यापन कर चुकी है। जिले भर में अपराधियों की थानों पर हाजिरी लगवाई जा रही है। साहिबाबाद थाने में करीब 120 अपराधियों को पुलिस ने बुलाया और भविष्य में अपराध न करने की शपथ दिलाई। वहीं मंगलवार को भी खोड़ा में भारी पुलिसबल तैनात रहा। पुलिस कमिश्नर, जिलाधिकारी समेत अन्य आलाधिकारी मौके पर मौजूद हैं। अधिकारी लगातार खोड़ा की गतिविधियों पर निगाह बनाए हुए हैं।
एक सप्ताह में पक्ष रखने का निर्देश: जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी कैलाश चन्द्र तिवारी ने बताया कि वक्फ निरीक्षक गाजियाबाद, नगर पालिका परिषद खोड़ा-मकनपुर के अधिशासी अधिकारी तथा सदर तहसील के नायब तहसीलदार द्वारा 1 जून 2026 को प्रस्तुत आख्या में पाया गया कि कुछ मदरसे बिना मान्यता और आवश्यक स्वीकृतियों के संचालित किए जा रहे हैं। जांच में सामने आया कि संबंधित मदरसे जिला अल्पसंख्यक कल्याण विभाग में पंजीकृत नहीं हैं और न ही इनके संचालन की कोई वैध अनुमति प्राप्त है। इसके अलावा मदरसा संचालित करने वाली सोसायटी का जीवित पंजीकरण प्रमाण-पत्र भी उपलब्ध नहीं कराया गया। परिसर में अग्निशमन विभाग तथा विद्युत सुरक्षा विभाग की अनापत्ति प्रमाण-पत्र (एनओसी) भी नहीं पाए गए, जिससे सुरक्षा संबंधी गंभीर चिंताएं उत्पन्न हो रही थीं। इन कमियों को देखते हुए जिलाधिकारी, पुलिस आयुक्त, उपजिलाधिकारी सदर, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी तथा अन्य संबंधित विभागों की मौजूदगी में
मदरसा रहमानिया अरेबिया कासिम-उल-उलूम, लोकप्रिय विहार मोहल्ला, चौकी क्षेत्र खोड़ा गांव गाजियाबाद और
सुल्तान अलारफीन मदरसा मोहल्ला बीरबल चौकी क्षेत्र बीरबल ग्राम खोड़ा गाजियाबाद मदरसों को सील किया गया। प्रशासन ने दोनों मदरसों के संचालकों को निर्देश दिया है कि वे एक सप्ताह के भीतर जिला अल्पसंख्यक कल्याण विभाग में उपस्थित होकर अपना पक्ष प्रस्तुत करें। निर्धारित अवधि में जवाब न देने की स्थिति में नियमानुसार आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
Tags
गाजियाबाद
