दिल्ली के एलजी बोले- अब डिग्री नहीं, नवाचार और स्टार्टअप के केंद्र बन रहे हैं विश्वविद्यालय

किरोड़ी मल कॉलेज में इन्क्यूबेशन सेंटर का उद्घाटन, शोध करने वाले विद्यार्थियों का सम्मान

नई दिल्ली।
दिल्ली विश्वविद्यालय के किरोड़ी मल कॉलेज के ओरिएंटेशन कार्यक्रम-2026 में दिल्ली के उपराज्यपाल टी.एस. संधू ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उन्हें अपनी क्षमताओं, देश की संस्थाओं और भारत में उपलब्ध अवसरों पर विश्वास रखने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि "भविष्य को आकार देने की जिम्मेदारी अब आपकी है।" उपराज्यपाल ने अपने छात्र जीवन को याद करते हुए कहा कि वह स्वयं दिल्ली विश्वविद्यालय के विद्यार्थी रहे हैं और उन्होंने स्नातक एवं स्नातकोत्तर दोनों की शिक्षा यहीं से प्राप्त की। उन्होंने कहा कि उन्होंने कभी विदेश जाकर पढ़ाई नहीं की, बल्कि दिल्ली विश्वविद्यालय से मिली शिक्षा ने उन्हें देश और विदेश में विभिन्न महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों का सफलतापूर्वक निर्वहन करने का आत्मविश्वास और क्षमता प्रदान की।
शंकर लाल कॉन्सर्ट हॉल में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि यदि विद्यार्थी स्वयं पर विश्वास रखें और उन्हें मिले अवसरों का पूरा लाभ उठाएं, तो वे किसी भी क्षेत्र में सफलता हासिल कर सकते हैं।
इस अवसर पर उपराज्यपाल ने किरोड़ी मल कॉलेज के नए इन्क्यूबेशन सेंटर और साइंस ब्लॉक की नई लिफ्ट का उद्घाटन किया। साथ ही चार वर्षीय स्नातक कार्यक्रम के तहत शोध-पत्र प्रकाशित करने वाले विद्यार्थियों तथा उनके संकाय मार्गदर्शकों को सम्मानित भी किया।
टी.एस. संधू ने कहा कि किरोड़ी मल कॉलेज पिछले सात दशकों से अधिक समय से दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रमुख शिक्षण संस्थानों में अपनी विशिष्ट पहचान बनाए हुए है। उन्होंने कहा कि किसी भी शिक्षण संस्थान की पहचान केवल उसकी रैंकिंग, आधुनिक भवनों या सुविधाओं से नहीं होती, बल्कि उन जिम्मेदार और जागरूक नागरिकों से होती है, जिन्हें वह समाज के लिए तैयार करता है। उन्होंने कहा कि इस कॉलेज के पूर्व छात्र प्रशासन, विज्ञान, शिक्षा, कला और अन्य अनेक क्षेत्रों में देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।
उपराज्यपाल ने शोध-पत्र प्रकाशित करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किए जाने को स्वस्थ शैक्षणिक वातावरण का प्रतीक बताते हुए कहा कि उच्च शिक्षण संस्थानों में प्रारंभ से ही विद्यार्थियों के भीतर शोध, नवाचार और जिज्ञासा की भावना विकसित करना समय की आवश्यकता है। ऐसे प्रयास भविष्य के वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं और नीति-निर्माताओं को तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कॉलेज के नए इन्क्यूबेशन सेंटर का उद्घाटन करते हुए कहा कि आज विश्वविद्यालय केवल डिग्री प्रदान करने वाले संस्थान नहीं रह गए हैं, बल्कि वे नवाचार, स्टार्टअप और उद्यमिता के प्रमुख केंद्र बन चुके हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस विचार का उल्लेख किया कि भारत के विश्वविद्यालय परिसर युवा शक्ति को नई दिशा देने वाले प्रगतिशील केंद्र बन रहे हैं। अपने संबोधन के अंत में उपराज्यपाल ने कहा कि 'विकसित भारत-2047' के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए विश्वविद्यालयों को अनुसंधान, नवाचार और उद्यमिता को निरंतर बढ़ावा देना होगा, ताकि देश के युवा वैश्विक स्तर पर भारत का नेतृत्व कर सकें।

ALERT AFSARSHAHI

-विनोद कुमार यादव, संपादक Email:alertafsarshahi@gmail.com "अलर्ट अफसरशाही" राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से प्रकाशित हिन्दी मासिक पत्रिका है जो शासन-प्रशासन द्वारा संचालित योजनाओं का प्रचार करने के साथ ही अधिकारी वर्ग द्वारा किए जाने वाले सराहनीय कार्यों को प्रमुखता से प्रकाशित करती है। पत्रिका में स्वास्थ्य एवं शिक्षा से संबंधित विषयों पर जानकारी परक लेख-आलेख विशेष रूप से सम्मिलित किए जाते हैं।

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