साइबर ठगी के पैसों से सोने की खरीदारी, गाजियाबाद पुलिस ने खोली गैंग की परतें
गाजियाबाद। थाना साइबर क्राइम, कमिश्नरेट गाजियाबाद पुलिस ने IGL गैस कनेक्शन का बिल अपडेट कराने के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गिरोह के एक आरोपी को पश्चिम बंगाल से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चार चेकबुक, नौ सिम कार्ड, एक सेल्फ-इंक मोहर और चार मोबाइल फोन बरामद किए हैं। पुलिस का दावा है कि आरोपी की गिरफ्तारी से साइबर क्राइम थाने में दर्ज दो मामलों का खुलासा हुआ है।
पुलिस के अनुसार, कौशांबी निवासी अशोक कुमार महेश्वरी से IGL गैस कनेक्शन का बिल अपडेट कराने के नाम पर APK फाइल डाउनलोड कराई गई थी। इसके बाद साइबर अपराधियों ने उनके मोबाइल फोन को हैक कर बैंकिंग संबंधी जानकारी और ओटीपी हासिल कर खाते से 18.69 लाख रुपये निकाल लिए। इसी तरह राजनगर एक्सटेंशन निवासी संजय कुमार के साथ भी IGL बिल अपडेट कराने के नाम पर APK फाइल डाउनलोड कराकर करीब 8 लाख रुपये की साइबर ठगी की गई।
दोनों मामलों में थाना साइबर क्राइम में मुकदमे दर्ज कर जांच की जा रही थी। विवेचना के दौरान पुलिस टीम को साइबर ठगी की रकम से कोलकाता स्थित तनिष्क शोरूम से सोने की ज्वैलरी खरीदने के साक्ष्य मिले। जांच के आधार पर पुलिस ने ज्वैलरी लेने वाले आरोपी की पहचान कर उसे पश्चिम बंगाल के बागुईआटी थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया।
क्रेडिट नोट के जरिए होती थी ज्वैलरी की खरीदारी: पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी की पहचान आशीष कुमार साह, पुत्र सुनील कुमार, उम्र 23 वर्ष, निवासी दमदम, 24 परगना, डायमंड प्लाजा, नाथूनपल्ली, कोलकाता, पश्चिम बंगाल के रूप में हुई है। आरोपी मूल रूप से न्यू कॉलोनी, बेतिया, जिला पश्चिमी चंपारण, बिहार का रहने वाला बताया गया है और उसने 10वीं तक शिक्षा प्राप्त की है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह शमशीर हुसैन और ‘दादा’ नामक व्यक्ति के कहने पर तनिष्क के विभिन्न शोरूम से ज्वैलरी कलेक्ट करता था। इसके बदले उसे प्रत्येक बार करीब 20 से 25 हजार रुपये दिए जाते थे। आरोपी के अनुसार, ‘दादा’ नामक व्यक्ति उसे मोबाइल फोन पर शोरूम से ज्वैलरी लेने के लिए निर्देश देता था। इसके बाद वह संबंधित तनिष्क शोरूम पहुंचता था, जहां उसके नाम से पहले से तैयार क्रेडिट नोट के माध्यम से भुगतान किया जा चुका होता था। आरोपी का दावा है कि शोरूम के मैनेजर और स्टाफ को भी इस प्रक्रिया की जानकारी रहती थी। इसके बाद वह लाखों रुपये की ज्वैलरी तथा 24 कैरेट सोने के सिक्के/बिस्किट लेकर ‘दादा’ को सौंप देता था।
सीसीटीवी फुटेज में ज्वैलरी लेते दिखा आरोपी: पुलिस के अनुसार, तनिष्क शोरूम से प्राप्त सीसीटीवी फुटेज में आरोपी को ज्वैलरी प्राप्त करते और वहां से ले जाते हुए देखा गया है। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ने साइबर क्राइम थाना गाजियाबाद में दर्ज मामलों के अलावा अन्य साइबर ठगी की रकम से भी सोने की ज्वैलरी लेने का काम किया हो सकता है। पुलिस अब बैंक खातों की स्टेटमेंट और अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है, जिससे इस गिरोह से जुड़ी अन्य घटनाओं का पता लगाया जा सके। पुलिस ‘दादा’ और शमशीर हुसैन की तलाश में जुटी है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी के कब्जे से 4 चेकबुक, 9 सिम कार्ड, 1 सेल्फ-इंक मोहर, 4 मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह IGL गैस कनेक्शन का बिल अपडेट कराने के नाम पर लोगों से APK फाइल डाउनलोड करवाता था। इसके बाद मोबाइल फोन को हैक कर बैंकिंग क्रेडेंशियल और ओटीपी हासिल किए जाते थे तथा पीड़ितों के खातों से रकम निकालकर विभिन्न बैंक खातों और मर्चेंट प्लेटफॉर्म के माध्यम से साइबर अपराध को अंजाम दिया जाता था। गिरफ्तार आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर गाजियाबाद लाए जाने के बाद गुरूवार 3 सितंबर 2026 को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
Tags
गाजियाबाद