मेजर ध्यानचंद स्टेडियम में 'दिल्ली शब्दोत्सव 2026' का आगाज, सीएम रेखा गुप्ता ने किया उद्घाटन

विदेश से देश की आलोचना करने वाले अपनी जड़ों से कटे हुए: रेखा गुप्ता  

नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली स्थित मेजर ध्यानचंद नेशनल स्टेडियम में तीन दिवसीय 'दिल्ली शब्दोत्सव' का भव्य शुभारंभ हो गया है। 2 से 4 जनवरी तक चलने वाला यह महोत्सव भारतीय ज्ञान परंपरा, कला, साहित्य और समसामयिक विमर्श का ऐसा मंच है, जहां भारत का अतीत, वर्तमान से संवाद करते हुए भविष्य की दिशा तय करता नजर आएगा। 4 जनवरी को देश की आंतरिक एवं बाहा सुरक्षा पर उद्बोधन में वक्ता के रूप में अजीत डोभाल शामिल होंगे। 
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली में तीन दिवसीय सांस्कृतिक और साहित्यिक शब्दोत्सव का उद्घाटन किया। उन्होंने इसे अतीत और वर्तमान का जीवंत संवाद बताया, जो अपनी जड़ों से जुड़ने का संदेश देता है। मुख्यमंत्री ने विदेश में देश की आलोचना करने वालों पर निशाना साधा और कहा कि वे अपनी जड़ों से कभी जुड़े ही नहीं थे। इस आयोजन में केंद्रीय मंत्री हर्ष मल्होत्रा, कपिल मिश्रा और सुनील आंबेकर ने भी अपने विचार रखे, जिसमें संस्कृति, शिक्षा और वैचारिक शुद्धता पर जोर दिया गया। दिल्ली शब्दोत्सव केवल एक साहित्यिक आयोजन नहीं, बल्कि भारत की ऐतिहासिक विचार यात्रा का उत्सव है, जो वैदिक काल से लेकर डिजिटल युग तक की निरंतरता को दशार्ता है। आज के समय में जब यह प्रश्न उठता है कि युवा पीढ़ी अपनी सांस्कृतिक जड़ों और साहित्यिक विरासत से कैसे जुड़ेगी, तब 'शब्दोत्सव' उसका सशक्त उत्तर बनकर सामने आता है। इस तीन दिवसीय साहित्य महोत्सव में देशभर से आए विचारक, लेखक, कवि, कलाकार और संस्कृतिकर्मी राष्ट्रीय एवं समसामयिक विषयों पर गहन विमर्श करेंगे। कार्यक्रम के दौरान कवि सम्मेलन, पुस्तकों का विमोचन, संवाद सत्र और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आयोजन का मुख्य आकर्षण रहेंगी। इस मंच पर 100 से अधिक वक्ता, लेखक और युवा आइकन अपने विचार साझा करेंगे। उद्घाटन के अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा, दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री कपिल मिश्रा, सहित अनेक विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे। कपिल मिश्रा ने कहा कि यह दिल्ली का अब तक का सबसे बड़ा साहित्यिक उत्सव है, जहां भारतीय ज्ञान परंपरा और आधुनिक विमर्श का अनूठा मेल देखने को मिलेगा।
शब्दोत्सव केवल पुस्तकों और विचारों तक सीमित नहीं रहेगा। इसमें भारतीय लोक और शास्त्रीय कलाओं की रंगारंग प्रस्तुतियां भी होंगी। भरतनाट्यम और कथक जैसे शास्त्रीय नृत्य, भजनों का सुमधुर गायन और देश के प्रतिष्ठित कवियों की कविताएं, दर्शकों को भारतीय संस्कृति के विविध रंगों से रूबरू कराएंगी। इसके साथ ही कार्यक्रम स्थल पर सोमनाथ ज्योतिर्लिंग दर्शन के लिए एक विशेष दीर्घा भी बनाई गई है। महोत्सव की एक बड़ी उपलब्धि साहित्य जगत को मिलने वाली नई कृतियां हैं। विभिन्न विषयों पर आधारित 40 से अधिक पुस्तकों का विमोचन किया जाएगा, जिससे उभरते लेखकों को एक बड़ा मंच मिलेगा और पाठकों को नई साहित्यिक सामग्री से जुड़ने का अवसर मिलेगा। 'दिल्ली शब्दोत्सव' का मूल उद्देश्य युवा पीढ़ी को भारतीय संस्कृति, साहित्य और विरासत से जोड़ना है। इसके लिए 'यूथ वॉइसेस' जैसे विशेष सत्र आयोजित किए गए हैं, जहां छात्र और युवा चिंतक खुलकर अपनी बात रख सकेंगे।

ALERT AFSARSHAHI

-विनोद कुमार यादव, संपादक Email:alertafsarshahi@gmail.com "अलर्ट अफसरशाही" राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से प्रकाशित हिन्दी मासिक पत्रिका है जो शासन-प्रशासन द्वारा संचालित योजनाओं का प्रचार करने के साथ ही अधिकारी वर्ग द्वारा किए जाने वाले सराहनीय कार्यों को प्रमुखता से प्रकाशित करती है। पत्रिका में स्वास्थ्य एवं शिक्षा से संबंधित विषयों पर जानकारी परक लेख-आलेख विशेष रूप से सम्मिलित किए जाते हैं।

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